
बिलासपुर/मस्तूरी – दीपावली से पूर्व मेंटेनेंस और आवश्यक रखरखाव के नाम पर मस्तूरी क्षेत्र में की जा रही बिजली कटौती अब उपभोक्ताओं के लिए मुसीबत बन गई है।
विद्युत विभाग द्वारा 17 अक्टूबर को 33 केवी मस्तूरी फीडर को सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक बंद रखने की सूचना जारी की गई थी। सूचना में कहा गया था कि मस्तूरी और खैरा उपकेंद्र से जुड़े सभी गांवों की बिजली प्रभावित रहेगी।
लेकिन उपभोक्ताओं का आरोप है कि निर्धारित 6 घंटे बाद भी बिजली आपूर्ति सामान्य नहीं हो पाई। शाम करीब 4 बजे विभाग के एक ग्रुप में 33 केवी सिलपहरी लाइन में ब्रेकडाउन का मैसेज देकर फिर से समय बढ़ा दिया गया, जिससे लोगों में भारी नाराजगी है।
त्योहार पर अंधेरे में डूबे गांव, देवी पंडालों में परेशानी
नवरात्र की सप्तमी पर जब श्रद्धालु देवी पंडालों में पूजा के लिए पहुंच रहे थे, तब बिजली गुल रहने से ग्रामीण क्षेत्रों में अंधेरा छाया रहा। लोगों का कहना है कि त्योहार के समय विभाग को ज्यादा सतर्क रहना चाहिए।
अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल
क्षेत्रवासियों ने मस्तूरी में पदस्थ जिम्मेदार अधिकारियों और बिलासपुर में बैठे वरिष्ठ अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि एसी दफ्तरों में बैठकर सिर्फ कटौती की सूचना जारी कर देना और बाद में ब्रेकडाउन का बहाना बना देना काफी नहीं है।
उपभोक्ताओं ने मांग की है कि दीपावली और नवरात्र जैसे त्योहारों पर निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए और बार-बार हो रही तकनीकी खराबी का स्थायी समाधान निकाला जाए।



